मोहब्बत को सर पर चढ़ाकर मत चलो मेरे यार,
आज खुद के लिए भी वक़्त निकालना मुश्किल है।
रूह तक उतारते उतारते जिस्म को खोखला कर गया
जज़्बात जब काग़ज़ पर उतारे तो पता चला—
इतनी ठोकरे देने के लिए शुक्रिया ए-ज़िन्दगी,
सिर्फ़ यादों के सहारे ही जिया करते हैं।
वो एक दिन आपको गैर महसूस करा ही देते हैं!
जो मिल नही सकता उससे मोहब्बत क्यों है…!
लेकिन आँख बंद करते ही इरादे बदल जाते है…
आंसू छुपा रहा हूँ तुमसे दर्द बताना नहीं आता
मुझे इसलिए Sad Shayari in Hindi बनाया उस भगवान ने, क्योंकि वो देखना चाहते थे, इंसान किस हद तक दर्द सह सकता है…!
चले ही जाते हैं वो… जिन्हें जाना होता है।
इस ज़िंदगी में रेहान… बस बड़े तमाशे मिलते हैं।
कब तक तेरे इश्क़ का बोझ उठा कर रोता रहूँ,